
विराट कोहली की अगुवाई वाले राॅयल चैलेंजर्स बेंगलुरु के लिए शुक्रवार को कोलकाता के ईडेन गार्डन्स में कोलकाता नाइट राइडर्स के खिलाफ होने वाला मुकाबला ‘करो या मरो’ जैसा होगा, क्योंकि यदि मैच को भी विराट की टीम ने गंवा दिया, तो उसका प्लेऑफ की दौड़ से बाहर होना सुनिश्चित है। इस वक्त कोलकाता की टीम आठ मैचों में चार जीत और चार हार के साथ आठ अंक लेकर छठे स्थान पर बनी हुई है।

कोलकाता को भी जीत के लिए काफी मशक्कत करनी होगी, क्योंकि उसके भी जो बाकी 6 मैच बचे हैं, उनमें से उसे चार मैच प्लेऑफ में पहुंचने के लिए हर हाल में जीतने होंगे। बेंगलुरु के लिए यह मुकाबला एक बड़ा चैलेंज इसलिए साबित होने वाला है, क्योंकि 16 मई 2016 के बाद से जब भी इन दोनों टीमों की भिड़ंत हुई है, उन सभी में बाजी कोलकाता ने ही मारी है। कोलकाता की टीम चाहेगी कि उसके इन फाॅर्म बल्लेबाज आंद्रे रसेल, जिनकी बल्लेबाजी से विपक्षी गेंदबाज थर-थर कांपने लगते हैं, वे अभ्यास सत्र के दौरान मिली कंधे की चोट से उबरकर शुक्रवार के मैच में खेलने के लिए फिट हो जाएं।

बेंगलुरु का जहां तक सवाल है, तो बल्लेबाजी में कोहली और डिविलियर्स बढ़िया प्रदर्शन कर रहे हैं, मगर गेंदबाज अब भी कोहली के लिए चिंता का सबब बने हुए हैं। वैसे, कोलकाता की बल्लेबाजी में भी कोई दम नहीं नजर आ रहा है, जिसका फायदा बेंगलुरु के बल्लेबाज यहां जरूर उठाना चाहेगा। कोलकाता के लिए ये राहत की बात जरूर है कि क्रिस लेन एक बार फिर से फाॅर्म में लौट आये हैं। यदि वे पिछले मैच का प्रदर्शन दुहराते हैं, तो बेंगलुरु की राह जरूर मुश्किल हो सकती है। बेंगलुरु को अपने तेज गेंदबाज नवदीप सैनी से बड़ी उम्मीदें होंगी, जिन्हें कि विश्व कप टीम में स्टैंड बाई भी रखा गया है।