न्यूजीलैंड में भारत ने भले ही टी-20 में क्लीन स्वीप कर लिया, लेकिन न्यूजीलैंड ने तीन वनडे मैचों की सीरीज में क्लीन स्वीप करके इसका बदला भारत से ले लिया। भारत को तीनों ही मैचों में हार का सामना करना पड़ा, जबकि दो मैचों में भारत ने अच्छा स्कोर भी खड़ा किया था। इसके बावजूद इस स्कोर को भारतीय टीम बचा पाने में नाकाम रही।

सीरीज का अंतिम मैच बीते 11 फरवरी को खेला गया और इस मैच में न्यूजीलैंड ने भारत को 5 विकेट से पटखनी दे दी। इस मैच में जो प्लेइंग इलेवन खेलता हुआ नजर आया था, इसमें एक बदलाव देखने को मिला था। एक ऑलराउंडर को टीम में जगह नहीं दी गई थी, जिसके बाद यह लगभग साफ हो गया कि अब टीम से इसकी विदाई लगभग तय हो गई है। इसका अंतरराष्ट्रीय कैरियर अब खत्म हो गया है।
अब आप सोच रहे होंगे कि आखिर ऐसा कौन सा ऑलराउंडर है, जिसका अंतरराष्ट्रीय कैरियर खत्म हो रहा है, तो हम आपको बता दें कि बात यहां हम केदार जाधव की कर रहे हैं। केदार जाधव भारत के ऑलराउंडर खिलाड़ी हैं, लेकिन उन्हें अब टीम से बाहर किए जाने के पीछे कई वजहें मौजूद हैं। केदार जाधव को और अंतरराष्ट्रीय मैचों में आगे खेलने का मौका नहीं मिल सकता है, इन कयासों को इसलिए भी अब बल मिल रहा है, क्योंकि भारतीय टीम में कई युवा ऑलराउंडर खिलाड़ी हैं जो केदार जाधव से बेहतर प्रदर्शन कर रहे हैं। ऐसे में अब इंटरनेशनल क्रिकेट में उनकी वापसी बहुत मुश्किल हो गई है।

केदार जाधव मध्यक्रम में भारत के लिए बल्लेबाजी करने के लिए आते रहे हैं। निचले क्रम में उनका औसत और स्ट्राइक रेट ठीक-ठाक रहा है, लेकिन कई अहम मौकों पर वे भारत के लिए उपयोगी साबित नहीं हो सके हैं। यही नहीं, केदार जाधव की बढ़ती उम्र भी उनके मार्ग में रोड़ा साबित हो सकती है, क्योंकि अगले माह वे 35 साल के होने जा रहे हैं। बीसीसीआई के सेंट्रल कॉन्ट्रैक्ट में केदार जाधव का नाम जरूर मौजूद है, लेकिन हो सकता है कि आगे से उन्हें टीम के बाहर बैठना पड़े।
पिछले कुछ समय से यह भी देखने को मिल रहा है कि केदार जाधव से गेंदबाजी कराने से भारतीय कप्तान विराट कोहली बचते नजर आ रहे हैं। इस तरह से इस बात की संभावना को बल मिल रहा है कि छठे नंबर पर किसी पेशेवर बल्लेबाज को वे खेलाना चाह रहे हैं। मनीष पांडे 6 नंबर पर अच्छी बल्लेबाजी कर ले रहे हैं। ऊपर से हार्दिक पांड्या की भी टीम में वापसी होनी है। ऐसे में तो केदार जाधव का पत्ता कटना लगभग तय ही है, क्योंकि हार्दिक पांड्या ना केवल धमाकेदार बल्लेबाजी के लिए जाने जाते हैं, बल्कि उनकी गेंदबाजी भी घातक होती है। फील्डिंग भी उनकी कम बेहतरीन नहीं है।

तो दोस्तों बताइए कि केदार जाधव को टीम से बाहर किया जाना आपके हिसाब से कितना उचित है? यदि आपको लगता है कि केदार जाधव का टीम से बाहर होना सही है, तो उनकी जगह टीम में आप किसे खेलते हुए देखना पसंद करेंगे?

